दूसरा पोरवाल व्यापारिक आनंद मेला सानंद संपन्न हुआ
मन की बात
दूसरा पोरवाल व्यापारिक आनंद मेला सानंद संपन्न हुआ । कई मायनो में अनूठा रहा मेला । इंदौर जांगड़ा पोरवाल समाज के तत्वावधान में आयोजित यह पोरवाल कुंभ अपने में समेटे था *सामाजिक संकल्प*, *सांस्कृतिक चेतना* , *राष्ट्रीय भावना*, *समाज सेवा*, *वंचित तबके के लिये उत्तरदायित्व का भाव*…और *स्वदेशी की धारणा पर आधारित स्व जातीय बंधुओं को एक व्यावसायिक प्लेटफार्म उपलब्ध करवाने की पवित्र भावना*।
यह नवाचार अभिनन्दनीय है –
स्वजातीय उद्घोषक,
स्वजातीय इवेंट फोटोग्राफी सभी स्वजातीय ।
समाज के प्रति उत्तरदायित्व निभाने का PYC का अभिनव प्रयोग- *सहयोग मित्र* दिल को छू गया ।
राष्ट्रगीत वंदे मातरम् की १५० वीं जयंती पर आयोजित वंदे मातरम् स्लोगन प्रतियोगिता के बारे में विशेष उल्लेख । अत्यंत सामयिक । अभिनंदनीय प्रयोग ।
महिला सशक्तिकरण की दिशा में महिला मंडल द्वारा मंचित अहिल्या नृत्य नाटिका हमारी सांस्कृतिक धरोहर का प्रतिबिंब । अद्भुत कल्पना एवं वेशभूषा ।
बच्चों का संस्कृति के प्रति रुझान उनकी प्रस्तुतियों से झलक रहा था । यह समय की माँग है ।
कितना कुछ था इस दो दिवसीय पोरवाल कुंभ में । जो इस बार चूक गए अगले कुंभ में डुबकी लगाने का इंतज़ार ज़रूर करेंगे ।
उन सभी के प्रति मनोभाव से धन्यवाद ज्ञापित, अभिनंदन जो शिल्पी है इस पूरे आयोजन के । … indeed a Great Event with a cause. Sincere Appreciation to the efforts… not easy. It requires vision and dedication.
🖌️संजय मेहता
