शुभ योग में होगी भगवान गणेश की स्थापना

श्रीगणेशजी की स्थापना के ये हैं शुभ मुहूर्त

Lord Ganesha will be established in auspicious time
Lord Ganesha will be established in auspicious time

भगवान गणेश की प्रतिमाओं ने भी आकार ले लिया है। शुभ मुहूर्त में घरों से लेकर पंडाल में स्थापना कर दस दिन तक गणपति जी की आराधना की जाएगी। सोमवार को भक्त प्रतिमाएं ले जाते भी दिखे।

भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी 27 अगस्त को बुधवार के दिन चित्रा नक्षत्र में आ रही है। शुभ योग एवं विष्टि करण का साक्षी अनुक्रम रहेगा। कन्या उपरांत तुला राशि के चंद्रमा का भी सकारात्मक प्रभाव रहेगा।

10 दिनी पर्व काल पर भगवान गणेश के अलग-अलग स्वरूपों का दर्शन एवं उनके मंत्रों का उच्चारण या यथाविधि स्तोत्र पाठ के माध्यम से गणपति की कृपा प्राप्त करने का प्रयास करना चाहिए। ganesh pujan muhurat

तुला राशि के चंद्रमा में भद्रा का निवास पाताल लोक में रहता है और पाताल लोक निवासिनी भद्रा धन देने वाली मानी जाती है। इसलिए धन की प्राप्ति के लिए भी गणेश जी की विशेष साधना लाभकारी रहती है।

श्रीगणेशजी की स्थापना के ये हैं शुभ मुहूर्त

प्रात: 06.09 मि. से 07.43 मि. तक (लाभ)

प्रात: 07.44 मि. से 09.17 मि. तक (अमृत)

प्रात: 10.51 मि. से दोप. 12.01 मि. तक (शुभ)

दोप. 03.34 मि. से 05.08 मि. तक (चर)

दोप. 05.09 मि. से शाम : 06.42 मि. (लाभ)

रात्रि 08.08 मि. से 09.34 मि. तक (शुभ)

रात्रि 09.35 मि. से 11.00 मि. तक (अमृत)

source – patrika