नकल पर सख्ती, तीन साल की सजा का प्रावधान

इस बार परीक्षा केंद्रों पर होगी सख्ती

Strict action against copying, provision for three years' imprisonment
Strict action against copying, provision for three years’ imprisonment

इंदौर। मप्र माध्यमिक शिक्षा मंडल ने आगामी 10वीं और 12वीं की बोर्ड परीक्षाओं को लेकर कड़े कदम उठाए हैं। मंडल ने परीक्षाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित करने और नकल को पूरी तरह से रोकने के लिए नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। सबसे बड़ा बदलाव यह है कि अगर कोई विद्यार्थी नकल करते हुए पकड़ा जाता है, तो उसे तीन साल तक की जेल की सजा हो सकती है। यह निर्णय राज्य में परीक्षा प्रणाली को और अधिक सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से लिया गया है।

मंडल के मुताबिक इस तरह के सख्त प्रावधान से विद्यार्थी नकल जैसी गतिविधियों से दूर रहेंगे और अपनी मेहनत पर ध्यान केंद्रित करेंगे। मंडल द्वारा जारी गाइडलाइन में परीक्षा केंद्रों के लिए भी कई नियम तय किए गए हैं। प्रत्येक केंद्र पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम होंगे और किसी भी प्रकार के इलेक्ट्रॉनिक उपकरण ले जाने पर पूरी तरह से प्रतिबंध रहेगा। छात्रों को परीक्षा शुरू होने से कुछ समय पहले केंद्र पर पहुंचना अनिवार्य होगा, ताकि उनकी पूरी तरह से जांच की जा सके। जारी किए गए निर्देशों के अनुसार, परीक्षा में अनुचित साधनों का प्रयोग करते पाए जाने पर छात्र के खिलाफ मप्र मान्यता प्राप्त परीक्षा अधिनियम के तहत कार्रवाई की जाएगी। इसमें न केवल विद्यार्थी, बल्कि नकल में मदद करने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ भी मामला दर्ज किया जा सकता है।

source – Agency