इंदौर में ट्रॉफिक व्यवस्था को सुगम और सुचारू बनाने के लिये बनेगी बीट (क्षेत्र) वार व्यवस्था


Beat (area) wise system will be made to make the traffic system easy and smooth in Indore.

इंदौर इंदौर में ट्रॉफिक व्यवस्था को सुगम और सुचारू बनाने तथा इस संबंध में अधोसंरचनात्मक विकास के लिये जिला प्रशासन द्वारा लगातार विशेष प्रयास किये जा रहे है। इसी के तहत आज कलेक्टर श्री आशीष सिंह की अध्यक्षता में जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक सम्पन्न हुई।

इस बैठक में विषय विशेषज्ञों, इससे जुड़ें विभिन्न संगठनों, जिला प्रशासन, नगर निगम, इंदौर विकास प्राधिकरण तथा यातायात पुलिस के अधिकारियों सहित अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद थे। व्यापक विचार विमर्श के पश्चात बैठक में आये सुझावों के बाद ट्रॉफिक व्‍यवस्था को बेहतर, सुगम और सुचारू बनाने के संबंध में अनेक महत्वपूर्ण निर्णय लिये गये।

बैठक में कलेक्टर श्री आशीष सिंह ने बताया कि ट्रॉफिक व्‍यवस्था संबंधी नियम और निर्देशों, कानूनों आदि का पालन कराने के संबंध में बीट (क्षेत्र) वार व्यवस्था बनाई जायेगी। इसके तहत बीट वार दल बनाये जायेंगे। इन दलों के नियंत्रण और मॉनिटरिंग के ‍लिये नोडल अधिकारी भी क्षेत्रवार नियुक्त किये जायेंगे। बीट वार दल में यातायात पुलिस, नगर निगम, एनजीओ आदि के सदस्य शामिल होंगे। इसी तरह बैठक में निर्णय लिया गया कि ट्रॉफिक व्‍यवस्था संबंधी अधोसंरचनाओ के ‍विकास और योजना बनाने के लिये एकीकृत प्रशास‍निक संरचना का ‍विकास किया जायेगा। इससे समन्वित कार्ययोजना बनाने में मदद मिलेगी।

बैठक में नगर ‍निगम आयुक्त श्री शिवम वर्मा, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री सिद्धार्थ जैन, अपर कलेक्टर श्रीमती ज्योति शर्मा, डीसीपी ट्रॉफिक श्री अरविंद तिवारी, इंदौर विकास प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री आर.पी. अहिरवार, एडीएम श्री रोशन राय सहित अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी, विषय विशेषज्ञ, यातायात से जुड़े विभिन्न संगठनों के सदस्य आदि मौजूद थे। बैठक में शहर की ट्रॉफिक व्यवस्था को सुचारू एवं सुगम बनाने के लिये व्यापक विचार विमर्श किया गया। विषय विशेषज्ञों ने शहर की ट्रॉफिक व्यवस्था को बेहतर बनाने के संबंध में अपने सुझाव दिये। कलेक्टर श्री आशीष सिंह ने बैठक में कहा कि शहर में ट्रॉफिक व्यवस्था को सुगम बनाने और अधोसंरचनात्मक ‍ विकास के ‍ ‍लिये समन्वित कार्ययोजना की जरूरत है। आज अलग-अलग विभाग अपने-अपने स्तर से इस दिशा में लगातार कार्य कर रहे है। अपेक्षित परिणाम और सफलता नहीं मिल रही है। एकीकृत प्रशासनिक संरचना की भी आवश्यकता है। एकीकृत प्रशासनिक संरचना के बनने और समन्वित कार्ययोजना से यातायात व्यवस्था के सुधार में प्रभावी परिणाम मिलेंगे। निर्णय लिया गया कि जल्द ही एकीकृत प्रशासनिक संरचना की व्यवस्था बनाई जायेगी। समन्वित कार्ययोजना भी बनेगी। व्यवस्थाओं, नियम और निर्देशों, कानूनों आ‍दि के पालन कराने के लिये बीट वार व्यवस्था भी कायम की जायेगी। बीट में विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारियों के संयुक्त दल भी रहेंगे। यह दल अपने क्षेत्र के लिये जवाबदेह रहेगा। इन दलों के उपर नोडल अधिकारी की व्यवस्था भी की जायेगी। संगठित एवं नियोजित प्रयास किये जायेंगे।

बैठक में विषय विशेषज्ञों ने एलिवेटेड कॉरिडोर की जगह अलग-अलग स्थानों पर फ्लाय ओवर ब्रिज बनाये जाने के संबंध में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा लिये गये ‍निर्णय की सराहना की। बैठक में कलेक्टर श्री आशीष सिंह ने बताया कि अब एलिवेटेड कॉरिडोर की जगह फ्लाय ओवर ब्रिज बनाये जायेंगे। उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र में अब विजय नगर और रेडिसन चौराहे को भी शामिल किया गया। फ्लाय ओवर ब्रिज बनाने के संबंध में जल्द ही फिजिबिलिटी सर्वे कराया जायेगा। बैठक में ई-रिक्शा संचालन को व्यवस्थित बनाने के संबंध में सुझावों के लिये उप समिति बनाने का निर्णय लिया गया। यह उप समिति एक सप्ताह में अपना प्रतिवेदन प्रस्तुत करेगी। बैठक में पार्किंग व्यवस्था, एकीकृत स्टॉप बनाने, रोपवे केबल कार संबंधी फिजिबिलिटी सर्वे आदि के संबंध में चर्चा की गई।

source – pro